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तमन्ना

तमन्ना

है तमन्ना रण बकुरौ का
व्यर्थ ना बलिदान जाये
जीवन सुरक्षित हो सदा
नाहक ना कोई प्राण जाये !

सुन तमन्ना ईश मेरे
हर मांग का सिन्दूर चमके
भरी रहे हर गोद माँ की
हाथ की चूड़ी ना चटके !

है तमन्ना आज प्रभुजी
देश मेंं अमनो चमन हो
दूध मुहे बच्चों के मुँह से
दूध की बॊटल ना छूटे !

तूही है सर्वस्व दाता
तुझसे ही मनुहार है
बात इतनी मांग ले तू
बार बार गुहार है !

डॉ इन्दिरा गुप्ता  !

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